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सरकार ने पिछले दस सालों में अवाम को सूचना के नए साधन उपलब्ध कराए: मनीष तिवारी

नई दिल्ली: सूचना एवं प्रसारण मंत्री मनीष तिवारी ने बुधवार को कहा कि सरकार की विस्तृत आधार वाली सूचना-सम्‍प्रेषण नीति से देश में उदार सूचना-व्‍यवस्‍था कायम हुई है। इससे मीडिया को अपने तेजी से विकास के लिए समुचित वातावरण उपलब्‍ध हुआ है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने पिछले दस सालों में आम लोगों को सूचना के लिए नए-नए साधन उपलब्ध कराए हैं।

श्री तिवारी यहां वार्षिक संदर्भ ग्रंथ ‘भारत 2014/इंडिया 2014’ जारी करने के अवसर पर आयोजित समारोह में बोल रहे थे। श्री तिवारी ने बताया कि देश में टीवी चैनलों की संख्‍या 2004 के 130 से बढ़कर 2014 में 786 हो गई है।

उन्‍होंने कहा कि एमएफ चैनलों के विस्‍तार के फेज-1 और फेज-2 के कार्यान्‍वयन के फलस्‍वरूप 2005 के बाद 245 एम चैनल स्‍थापित किए जा चुके हैं। इस‍ सिलसिले में फेज-3 के कार्यान्‍वयन के बाद एफ एम चैनलों की संख्‍या 839 तक पहुंच जाने की आशा है। सरकार निजी भागीदारी से निचले स्‍तर पर सामुदायिक सूचना सम्‍प्रेषण के सशक्‍त माध्‍यम सामुदायिक रेडियो के विस्‍तार को एक आंदोलन में परिवर्तित करने में सफल रही है। उन्‍होंने बताया कि सरकार ने नई सूचना व्‍यवस्‍था में अपनी उपस्थिति को संस्‍थागत रूप देने और सोशल नेटवर्किंग को बढ़ावा देने के लिए न्‍यू मीडिया विंग गठित किया है।

श्री तिवारी ने ‘’भारत 2014/इंडिया 2014 वार्षिक संदर्भ ग्रंथ जारी करने हुए कहा कि इस ग्रंथ से वर्ष 1957 से ही भारत सरकार के विभिन्‍न मंत्रालयों और विभागों की गतिविधियों, उपलब्धियों और प्रगति की अधिकृत जानकारी उपलब्‍ध हो रही है। इससे पूर्व सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के सचिव श्री बिमल जुल्‍का ने कहा कि सरकार के प्रकाशन विभाग को प्रकाशन के डिजिटल स्‍वरूप को बढ़ावा देना चाहिए। उन्‍होंने इस विभाग का आह्वान किया कि अपने संग्रहालय की सामग्री के डिजिटाइजेशन की प्रक्रिया अगले वित्‍त वर्ष में पूरी कर लेने का लक्ष्‍य लेकर चले।