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टीडीसैट ने विशाल केबल को भुगतान और स्टार को सिग्नल बहाल करने के लिए कहा

मुंबई: दूरसंचार विवाद निपटान व अपीलीय ट्राइब्यूनल (टीडीसैट) ने विशाल केबल नेटवर्क को अपनी बकाया रकम चुका देने का निर्देश दिया है और स्टार इंडिया को इस मल्टी-सिस्टम ऑपरेटर (एमएसओ) को अपने सिग्नल की आपूर्ति बहाल करने के लिए कहा है।

विशाल केबल को तीन बराबर पाक्षिक किस्तों में ब्रॉडकास्टर को 15 लाख रुपए का ऑन-एकाउंट भुगतान करना होगा।

पांच लाख रुपए की पहली किस्त 9 जून को भुगतान करनी है और पांच लाख रुपए की दूसरी किश्त 24 जून तक और 9 जुलाई तक इतनी ही रकम की तीसरी किस्त चुकानी है।

निर्देश के अनुसार भुगतान ऑन-एकाउंट होगा और दोनों पक्षों के अधिकारों व विवादों पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना किया जाएगा।

ट्राइब्यूनल ने एमएसओ को निर्देश दिया कि याचिका लंबित रहने की अवधि के दौरान वह ब्रॉडकास्टर द्वारा दिए गए चालान के आधार पर मासिक सब्सक्रिप्शन शुल्क का भुगतान भी करे।

ट्राइब्यूनल ने कहा कि किश्तों में और/या प्रतिवादी के चालान के अनुसार मासिक सब्सक्रिप्शन शुल्क के भुगतान में चूक के मामले में, ब्रॉडकास्टर, ट्राइब्यूनल से बिना किसी आदेश के उसके सिग्नल की आपूर्ति काटने के लिए स्वतंत्र होगा।

स्टार द्वारा 5 जून को एमएसओ को उसके सिग्नल की आपूर्ति काट दिए जाने के बाद एमएसओ ने याचिका दायर की है। स्टार ने एसएमएस रिपोर्ट नहीं देने, लाइसेंस फीस का भुगतान न करने और ऑडिट में सहयोग न करने के कारण 12 मई को एक डिसकनेक्शन नोटिस जारी की थी।

नोटिस के अनुसार 31 मार्च तक लाइसेंस शुल्क की 13.19 लाख रुपए की एमएसओ की बकाया राशि है।
विशाल केबल नेटवर्क के वकील विक्रम सिंह ने कहा कि एमएसओ मंगलवार से दो दिनों के भीतर अप्रैल और मई 2015 की एसएमएस रिपोर्ट प्रतिवादी को देगा।

उन्होंने यह भी कहा कि ब्रॉडकास्टर 16 जून से एमएसओ की तकनीकी प्रणाली का ऑडिट शुरू कर सकता है और याचिकाकर्ता इस संबंध में पूर्ण सहयोग की पेशकश करेगा।

इस बीच, दोनों पार्टियों को याचिकाकर्ता के खिलाफ सटीक बकाया राशि का पता लगाने के लिए उनके एकाउंट्स का मेल करने का निर्देश दिया गया है।

ट्राइब्यूनल ने स्टार इंडिया के वकील सौरभ श्रीवास्तव को वर्तमान आदेश से चार सप्ताह के भीतर नोटिस का जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। जवाब, अगर कोई हो, इस उत्तर की एक प्रति प्राप्त होने की तारीख से दो सप्ताह के भीतर दायर किया जा सकता है।

इस मामले में अगली सुनवाई 24 जुलाई को होनी है।